Prathmik Chikitsa Kya Hai In Hindi Mein : प्राथमिक चिकित्सा क्या है समझाइए

Prathmik Chikitsa Kya Hai In Hindi Mein : प्राथमिक चिकित्सा क्या है समझाइए

Prathmik Chikitsa Kya Hai In Hindi Mein : प्राथमिक चिकित्सा क्या है समझाइए

दोस्तों इस लेख में हम आपको बताएंगे Prathmik Chikitsa Kya Hai In Hindi Mein : प्राथमिक चिकित्सा क्या है समझाइए और प्राथमिक चिकित्सा से जुड़ी कोई भी जानकारी आपको देंगे यह प्राथमिक चिकित्सा क्या होता है और इसका कहां पर और कैसे इस्तेमाल किया जाता है । दोस्तों प्राथमिक चिकित्सा को ही फर्स्ट एड या फर्स्ट एड बॉक्स कहा जाता है उस बॉक्स के अंदर जरूरत की सारी सामग्री होती है जिससे आप किसी भी बीमारी का या फिर किसी घायल का इलाज कर सकते हैं अस्पताल पहुंचने से पहले ।

प्राथमिक चिकित्सा क्या है?

बहुत सारे लोगों का यह सवाल होता है कि प्राथमिक चिकित्सा क्या होती है या फिर फर्स्ट एड क्या होता है , तो आपके इस सवाल का जवाब हम देंगे प्राथमिक चिकित्सा होती है कि जब कहीं पर दुर्घटना स्थल पर डॉक्टर के आने से पहले या हॉस्पिटल ले जाने से पहले जब किसी इंसान को कोई सहायता / उपचार दी जाती है तो उसे प्राथमिक चिकित्सा कहते हैं , प्राथमिक चिकित्सा अगर सही टाइम पर सही तरीके से दी जाए तो उससे किसी व्यक्ति की जान भी बच सकती है ।

आज के युग में हर किसी को प्राथमिक चिकित्सा का इतना ज्ञान तो होना चहिए के जब किसी को कही कोई ज़रूरत पढ़े तो वो उसका इलाज कर सके। क्योंकि आज विज्ञान की प्रगति में कारखाने मशीन निर्माण के साथ-साथ आधुनिक युग में दुर्घटनाओं की संख्या बड़ती जा रही है , ऐसे में इंसान को सही तरीके से चिकित्सा का ज्ञान होना जरूरी है कम से कम इतना ज्ञान तो होना चाहिए कि अगर उसके किसी साथी को कहीं चोट आ गई है तो वहां उसे अस्पताल पहुंचने से पहले या डॉक्टर के आने से पहले उसका खून रोक सके और उसकी ड्रेसिंग कर सके ।

प्राथमिक चिकित्सा कितने प्रकार की होती है ?

प्राथमिक चिकित्सा मुख्य तरह से तीन प्रकार की होती है जिसके अंदर अलग-अलग तरह के फर्स्ट एड बॉक्स के अंदर तकनीकी रहती है ।

  • आपातकालीन प्राथमिक चिकित्सा
  • सामान्य प्राथमिक चिकित्सा
  • बाल – संरक्षण प्राथमिक चिकित्सा

आपातकालीन प्राथमिक चिकित्सा

आपातकालीन प्राथमिक चिकित्सा के अंदर बेसिक फर्स्ट एड के साथ-साथ और भी दूसरे तकनीकी सामग्री होती है जिससे आप किसी घायल का इलाज कर सकते हैं कि वह अस्पताल पहुंचने या फिर अगर कोई डॉक्टर आ रहा है तो डॉक्टर के आने तक उस घायल को थोड़ी राहत मिल सके । जिस से किसी रोगी की जान बचाई जा सके।

सामान्य प्राथमिक चिकित्सा

सामान्य प्राथमिक चिकित्सा एक सामान्य तरीके का फर्स्ट एड बॉक्स होता है जिसके अंदर थोड़ी ऐसी सामग्री होती है जिससे किसी रोगी को या किसी घायल को उसका खून रोकने में मदद करती है जैसे रूई या ड्रेसिंग की पट्टी या डिटेल कुछ ऐसे सामग्री होती है जिस से किसी भी मरीज का खून रोका जा सके ।

बाल – संरक्षण प्राथमिक चिकित्सा

इस तरह के फर्स्ट एड बॉक्स बच्चों के लिए होते हैं जिससे बच्चों की छोटी-छोटी चोटों का इलाज किया जा सके और जिससे बच्चों को बड़े दुर्घटनाओं से बचाया जा सके ।

प्राथमिक चिकित्सा के उद्देश्य क्या है

प्राथमिक चिकित्सा का महत्वपूर्ण उद्देश्य जीवन की रक्षा करना है और अगर किसी व्यक्ति को चोट लग जाती है तो डॉक्टर के आने से पहले या उसे अस्पताल पहुंचाने से पहले उसके जीवन की रक्षा करना होता है , प्रथमिक चिकित्सा का काम हैं के रोगी को इतना आराम हो जाए या फिर अगर उसका खून निकल रहा है तो उसके खून को रोका जा सके ।

प्रथमिक चिकित्सा एक यह उद्देश्य भी होता है कि रोगी को तुरंत चिकित्सा सहायता प्रदान कर दी जाए जिससे उसकी स्थिति और ज्यादा ना बिगड़े कभी किसी फैक्ट्री में कुछ दुर्घटना हो जाती है जिसकी वजह से रोगी को खून निकलना लगता है तो प्राथमिक चिकित्सा का यह काम होता है कि वह रोगी के खून को रोके जिस से उसकी स्थिति ज्यादा ना बिगड़े । और उससे डॉक्टर के पास पहुंचा दिया जा सके ।

प्राथमिक चिकित्सा कोई डॉक्टर नहीं होता है उसका यह काम होता है की मरीज को प्राथमिक चिकित्सा प्रदान करें जिससे जल्द से जल्द रोगी को डॉक्टर के पास पहुंचा दिया जा सके जिससे डॉक्टर मरीज का सही समय पर इलाज कर के उसकी जान बचा सके या अगर उसका खून बह रहा है तो उसका खून को पूरी तरह से रोक सके ।

चिकित्सक को यह कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए , अगर कोई व्यक्ति किसी मरीज एक इलाज कर रहा है तो उसका व्यवहार अत्यंत सहानुभूति पूर्ण एवं प्रेम पूर्वक रखना आवश्यक होना चाहिए क्योंकि कोई मरीज रहता है तो उसे दर्द होता है जिसकी वजह से उसे पता नहीं रहता कि क्या हो रहा है और क्या नहीं हो रहा है ऐसे में अगर चिकित्सक उसके ऊपर गुस्सा करेगा या अगर अपना स्वभाव बिगाड़ेगा तो उस से मरीज को भी परेशानी आती है ।

और अगर कोई व्यक्ति प्राथमिक चिकित्सा कर रहा है तो उसे पट्टी बांधना खपची लगाना एवं मालिश करना आना चाहिए जिस से अगर किसी व्यक्ति को इनकी जरूरत हो तो वो उनकी मदद कर सके । प्राथमिक चिकित्सक को और भी अधिक जानकारी होनी चाहिए जैसे पानी में तैरना आग बुझाना गाड़ी चलाना भी उसे आना चाहिए जिससे आपातकालीन में वहां इनका उपयोग कर सके ।

प्राथमिक चिकित्सा देने की योग्य परिस्थितियां

  • पानी में डूबे व्यक्ति पर
  • दम घुटने पर
  • आग से जलने पर
  • ज्यादा खून बहने पर
  • मोच आने पर
  • बिजली का झटका लगने पर
  • किसी जहरीले जानवर के काटने या फिर मादक वस्तुओं खा लेने पर
  • विश्व खा लेने पर

प्राथमिक चिकित्सा में क्या-क्या सामग्री होना आवश्यक है

  • स्वच्छ रुई – गांव साफ करने के लिए तथा दवाई लगाने के लिए या फिर फोन रोकने के लिए ।
  • पिन – पट्टी को रोकने के लिए पिन लगाते हैं ।
  • टेप – 2 फरवरी को लगाकर टेप से चिपकाया जाता है ।
  • कैंची – पट्टी काटने के लिए
  • दियासलाई या स्प्रिट लैंप – कुछ गरम करने के लिए
  • चम्मच एवं गिलास – रोगी को दवा पिलाने के लिए ।
  • पट्टियां – घाओ अथवा मोंच पर बांधने के लिए ।
  • पेड – यह रखकर पट्टी बांधी जाती है
  • चिमटी – काँटा कुंभ जाने पर निकलने के लिए।
  • गर्म पानी की बोतल – सेकने के लिए
  • एंटीसेप्टिक (डेटोल )– ज़ख्म साफ़ करने के लिए।
  • बर्फ की टोपी – तेज़ बुखार में सर पर रखने के लिए।

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